छत्तीसगढ़ धान खरीदी की समीक्षा बैठक सम्पन्न, किसानों को 6365 करोड़ रूपए से अधिक का भुगतान जाने विस्तार से

इस Post को आप Share भी कर सकते हैं 👇

Last updated on December 8th, 2022 at 11:18 am

Chhattisgarh : मुख्य सचिव अमिताभ जैन ने सभी कलेक्टर्स को निर्देश दिए हैं कि वे अपने जिले के मिलर्स की बैठक लेकर उपार्जन केन्द्रों से धान उठाव और भारतीय खाद्य निगम और नागरिक आपूर्ति निगम में चावल जमा करने की लगातार मॉनिटरिंग करें। उन्होंने नए धान खरीदी केन्द्रों में धान उपार्जन की व्यवस्था की भी मैदानी अमलों के जरिए लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव मंत्रालय महानदी भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य में खरीफ वर्ष 2022-23 में धान खरीदी के संबंध में कमिश्नर और कलेक्टरों की बैठक में समर्थन मूल्य(suport price) पर धान खरीदी की समीक्षा किये।

 

 

मुख्य सचिव ने किसान पंजीयन, गिरदावरी की शुद्धता एवं शिकायतों का निराकरण, समिति स्तर पर नए एवं पुराने बारदाने की व्यवस्था और समर्थन मूल्य में धान खरीदी के एवज में किसानों को निर्धारित समयावधि में राशि भुगतान की भी जानकारी ली। उन्होंने बैठक में सहकारी समिति स्तर पर धान की सुरक्षा एवं रखरखाव और सीमावर्ती जिलों में अन्य राज्यों एवं कोचियों-बिचौलियों द्वारा अवैध धान विक्रय पर नियंत्रण, समितियों से मिलर्स द्वारा धान उठाव और मिलर्स द्वारा भारतीय खाद्य निगम और नागरिक आपूर्ति निगम में चावल जमा की समीक्षा की।

 

 

किसानों को 6365 करोड़ रूपए से अधिक का भुगतान :

Chhattisgarh dhan kharidi 2022-23  राज्य में किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का सिलसिला अनवरत रूप से जारी है। समर्थन मूल्य पर अब तक किसानों से 05 दिसम्बर 2022 तक 30 लाख 36 हजार 900 मीट्रिक टन धान का उपार्जन किया जा चुका है, जिसके एवज में 8 लाख 20 हजार 852 किसानों को 6365 करोड़ रूपए से अधिक का भुगतान(payment) भी बैंक लिंकिंग व्यवस्था के तहत किया जा चुका है। धान बेचने में किसानों को किसी भी तरह की दिक्कत न हो, इसको लेकर पूरी व्यवस्था पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। सभी उपार्जन केन्द्रों में पर्याप्त मात्रा में बारदाने उपलब्ध हैं।

इसे भी पढ़ें -  रायपुर में पहले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच के लिए 12  तारीख़ से टिकट ऑनलाइन मिलेंगी

 

 

समर्थन मूल्य पर धान खरीदने के लिए इस साल राज्य सरकार द्वारा किसानों को ऑनलाइन टोकन जारी करने की व्यवस्था के चलते किसानों को सहूलियत होने लगी है। बड़ी संख्या में किसान टोकन तुंहर हाथ एप(kisan token tuhar hath app) के माध्यम से धान बेचने के लिए अपनी मर्जी के मुताबिक तिथि का चयन करने लगे हैं। इसके साथ ही उपार्जन केन्द्रों द्वारा मैन्युअल रूप से किसानों को टोकन जारी करने की व्यवस्था पूर्व वर्षों की भांति जारी है।

 

 


   
खाद्य सचिव श्री टी.के. वर्मा ने बताया कि इस साल राज्य में समर्थन मूल्य पर धान बेचने के लिए राज्य में 25.92 लाख किसानों का पंजीयन हुआ है, जिसमें लगभग 2.23 लाख नये किसान हैं। राज्य में धान खरीदी के लिए 2568 उपार्जन केन्द्र बनाए गए हैं। सामान्य धान 2040 रूपए प्रति क्विंटल तथा ग्रेड-ए धान 2060 रूपए प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जा रहा है।

 

 


इस Post को आप Share भी कर सकते हैं 👇
error: Content is protected !!